🧪 अम्ल और क्षार (Acids & Bases) - Complete notes for SSC & RRB अम्ल और क्षार (Acids & Bases) - Complete notes for SSC & RRB 🍋 अम्ल (Acids) - परिभाषा और पहचान अम्ल की परिभाषा: 1) आर्हेनियस के अनुसार (Arrhenius Theory): वे पदार्थ जो जल में घुलकर हाइड्रोजन आयन (H⁺) देते हैं, अम्ल कहलाते हैं। HCl → H⁺ + Cl⁻ H₂SO₄ → 2H⁺ + SO₄²⁻ 2) ब्रॉन्स्टेड-लॉरी के अनुसार (Bronsted-Lowry Theory): वे पदार्थ जो प्रोटॉन (H⁺) दान करते हैं, अम्ल कहलाते हैं। 3) लुईस के अनुसार (Lewis Theory): वे पदार्थ जो इलेक्ट्रॉन युग्म ग्रहण करते हैं। ✅ अम्ल की पहचान के गुण: गुण विवरण स्वाद खट्टा (Sour) लिटमस परीक्षण नीला लिटमस → लाल स्पर्श संक्षारक (Corrosive) विद्युत चालकता जलीय विलयन विद्युत का चालन करता है धातुओं से क्रिया H₂ गैस मुक्त करते हैं क्षार से क्रिया लवण + जल बनाते हैं (उदासीनीकरण) 📚 अम्लों के प्रकार A) उत्पत्ति के आधार पर: 1️⃣ प्राकृतिक/कार्बनिक अम्ल (Organic Acids): अम्ल रासायनिक सूत्र स्रोत विशेषता एसीटिक अम्ल CH₃COOH सिरका (Vinegar) 5-8% सांद्रता साइट्रिक अम्ल C₆H...
Mahajanapadas – महाजनपद
महाजनपद (Mahajanapadas) प्राचीन भारत के राजनीतिक इतिहास का एक महत्वपूर्ण अध्याय है। यह लगभग 600 ई.पू. से 400 ई.पू. के बीच का काल था, जब छोटे-छोटे जनपद मिलकर बड़े राज्यों (महाजनपदों) में परिवर्तित हुए।
पृष्ठभूमि
- वैदिक काल में समाज जनपदों (कबीलों/जनजातीय क्षेत्रों) में बँटा हुआ था।
- बाद में कृषि, व्यापार, और शहरीकरण के कारण ये जनपद बड़े और शक्तिशाली राज्यों में बदल गए।
- इन्हें "महाजनपद" कहा गया।
कुल महाजनपद
बौद्ध ग्रंथ अंगुत्तर निकाय और जैन ग्रंथ भगवतीसूत्र में 16 महाजनपदों का उल्लेख मिलता है।
16 महाजनपद और उनकी राजधानियाँ:
- कुरु – राजधानी इन्द्रप्रस्थ / हस्तिनापुर
- पांचाल – राजधानी कम्पिल्य
- वृजि (वज्जि संघ) – राजधानी वैशाली
- मगध – राजधानी राजगृह (बाद में पाटलिपुत्र)
- काशी – राजधानी वाराणसी
- कोशल – राजधानी श्रावस्ती
- अंग – राजधानी चंपा
- वंश (वत्स) – राजधानी कोसंबी
- अवंति – राजधानी उज्जैन / महिष्मती
- गांधार – राजधानी तक्षशिला
- कम्बोज – उत्तर-पश्चिम क्षेत्र (राजधानी निश्चित नहीं, कभी राजपुरा मानी जाती है)
- मल्ल – प्रमुख नगर कुशीनगर और पावा
- अश्सक (अस्सक/अस्सक/अश्सक) – राजधानी पोतलि
- चेदी – राजधानी शुक्तिमती
- शुरसेन (सुरसेन) – राजधानी मथुरा
- मत्स्य – राजधानी विराटनगर (जयपुर के पास)
विशेषताएँ
- इनमें से कुछ राज्य (monarchies) थे (जैसे – मगध, कोशल, अवंति)।
- कुछ गणराज्य (republics) थे (जैसे – वृजि, मल्ल, शक्य)।
- व्यापार और शहरीकरण के चलते महाजनपदों में धातु मुद्रा का प्रयोग शुरू हुआ।
- मगध सबसे शक्तिशाली बना और धीरे-धीरे बाकी महाजनपदों को अपने साम्राज्य में मिला लिया।
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